📝वक्त बदल रहा है हम भी बदल रहे है
बड़े शहरों के कमरों में मौसम भी बदल रहे हैं ...
न सेंकती धूप... न मदमस्त बादल.... न भीगी बरसात
न मीठी हवा का झोंका...
न लू की तपिश.....
न सुड़कती चाय न पकौड़ी
न चूल्हे की सोंधी रोटियां ....
जीना सीख रहे हैं.....
पर हम भी शहर वाले हो रहे हैं!
#मनकीबात
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