अनकहे एहसास
'एहसासों को शब्दों में पिरोने की कोशिश '
ख़ुशी
बुधवार, 21 अगस्त 2019
सुबह
✍🏻 *सुबह हो चुकी है*
खुली ताजी हवा से अहसास हो रहा है
मन में ताजगी का आनंद उभर रहा है
धरती निखर रही है खुशबू बिखर रही है
उदित हो रहा सूरज उजाले ने ली अंगड़ाइयां....
#जल्दी जागना हमेशा ही फायदेमंद होता है।
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